पश्चिम बंगाल में एक कार्यक्रम के आयोजन स्थल को लेकर उठे विवाद के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की नाराजगी पर तीखी प्रतिक्रिया दी। ममता ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी ने राष्ट्रपति के पद को भी राजनीति में घसीट लिया है।
ST.News Desk
पश्चिम बंगाल में आयोजित एक कार्यक्रम में पहुंचीं Droupadi Murmu ने कार्यक्रम स्थल बदल दिए जाने को लेकर नाराजगी जताई थी और राज्य सरकार पर अप्रत्यक्ष रूप से तंज कसा था। राष्ट्रपति की इस टिप्पणी के बाद मुख्यमंत्री Mamata Banerjee ने तीखी प्रतिक्रिया दी।
ममता बनर्जी ने कहा कि वह राष्ट्रपति का सम्मान करती हैं, लेकिन हर कार्यक्रम में उनकी उपस्थिति संभव नहीं है। उन्होंने कहा, “Sorry मैडम, मैं आपका सम्मान करती हूं, लेकिन अगर कोई 50 बार आए तो हर कार्यक्रम में मेरा शामिल होना संभव नहीं है।”
सीएम ने कहा कि फिलहाल वह धरने पर बैठी हुई हैं और जिस कार्यक्रम की बात की जा रही है, उसके बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं थी। उन्होंने कहा, “अगर आप साल में एक बार भी आतीं तो मैं आपको रिसीव करने जरूर जाती, लेकिन अगर आप 50 बार आएंगी तो हर बार मैं कैसे पहुंचूं? मुझे आपके कार्यक्रम की जानकारी नहीं थी।”
ममता बनर्जी ने आगे कहा, “You are the priority of BJP, I am property for people.” उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि मणिपुर में जब अत्याचार की घटनाएं हो रही थीं तब राष्ट्रपति वहां क्यों नहीं गईं। मुख्यमंत्री ने Bharatiya Janata Party और केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा लोगों को भ्रमित करने की कोशिश कर रही है और वोटिंग के समय मतदाताओं के नाम काटे जाने की साजिश की जा रही है।
ममता ने कहा कि भाजपा ने मतुआ समुदाय के लोगों को भी नुकसान पहुंचाया है और नागरिकता के मुद्दे पर उन्हें परेशान किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के पास एजेंसियां और “दलाल मीडिया” है, जिनके जरिए विपक्ष पर दबाव बनाया जाता है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि बंगाल के खिलाफ कोई भी साजिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि भविष्य में वह पूरे देश के सामने भाजपा का “नकाब उतार देंगी”।
ममता बनर्जी ने यह भी दावा किया कि 2026 के बाद उनका लक्ष्य दिल्ली की राजनीति में बड़ा हस्तक्षेप करना होगा और वह पूरे देश में भाजपा की नीतियों को उजागर करेंगी।

