- अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance ने एक पॉडकास्ट में ईसाई धर्म की ‘End Times’ यानी दुनिया के अंत से जुड़ी अवधारणा पर खुलकर बात की.
- वेंस ने कहा कि वह ज्यादा से ज्यादा ‘ईश्वर का काम’ करने पर ध्यान देते हैं और अगर उसका नतीजा End Times की ओर जाता है तो उन्हें इससे परेशानी नहीं है.
- वेंस ने AI के जरिए इंसानी रिश्तों की जगह लेने पर चिंता जताई और डोनाल्ड ट्रंप की विवादित AI तस्वीर का भी बचाव किया.
अमेरिका के उपराष्ट्रपति JD Vance का दुनिया के अंत, धर्म और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर दिया गया बयान चर्चा में है. वेंस ने कहा है कि वह यह दावा नहीं कर सकते कि दुनिया अभी अपने आखिरी दौर में पहुंच गई है, लेकिन उनका ध्यान ज्यादा से ज्यादा ‘ईश्वर का काम’ करने पर है. उन्होंने कहा कि अगर ऐसा करते हुए नतीजा ‘End Times’ की ओर जाता है तो भी उन्हें उससे परेशानी नहीं है.
वेंस ने ये बातें 31 अगस्त को जारी ‘The Bryce Crawford Podcast’ में कहीं. पॉडकास्ट के होस्ट Bryce Crawford 22 साल के इवेंजेलिकल क्रिश्चियन कंटेंट क्रिएटर हैं और उनके YouTube पर दस लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हैं. बातचीत के दौरान धर्म, राजनीति, AI, दुनिया के नेताओं और डोनाल्ड ट्रंप से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई.
क्या दुनिया के आखिरी दौर में हैं? JD Vance ने दिया यह जवाब
पॉडकास्ट में वेंस से ईसाई मान्यता में वर्णित ‘End Times’ के बारे में पूछा गया. इस धारणा के मुताबिक एक समय ऐसा आएगा जब मौजूदा दुनिया का अंत होगा और Jesus Christ की वापसी होगी.
वेंस ने कहा कि बचपन से उनकी इस विषय में दिलचस्पी रही है, लेकिन वह इस सवाल पर जरूरत से ज्यादा ध्यान देने को सही नहीं मानते. उन्होंने साफ कहा कि उन्हें नहीं पता कि मौजूदा समय वास्तव में ‘End Times’ है या नहीं.
उनका कहना था कि दुनिया में कुछ ऐसी चीजें जरूर हो रही हैं जिन्हें देखकर उन्हें हैरानी नहीं होगी अगर धार्मिक मान्यताओं में वर्णित Antichrist जैसी कोई शक्ति मौजूद हो. इसके बावजूद उन्होंने कहा कि उनका ध्यान इस तरह की भविष्यवाणियों के बजाय अपने काम और आस्था पर है.
‘ईश्वर का काम कर रहा हूं, अंत हो जाए तो भी ठीक’
वेंस ने बातचीत में कहा कि उनका लक्ष्य जितना संभव हो सके, ईश्वर का काम करना है. इसी संदर्भ में उन्होंने कहा कि अगर ऐसा करने से ‘End Times’ आते हैं तो वह भी ठीक है.
साथ ही वेंस ने इसका दूसरा पक्ष भी रखा. उन्होंने कहा कि अगर उनके काम के कारण एक बेहतर दुनिया बनती है, जो उनके जाने के बाद भी लंबे समय तक फलती-फूलती रहे, तो वह भी बहुत अच्छी बात होगी.
इसलिए वेंस के बयान को सीधे तौर पर यह भविष्यवाणी मानना सही नहीं होगा कि दुनिया जल्द खत्म होने वाली है. उन्होंने खुद कहा कि उन्हें नहीं पता कि दुनिया अभी अंतिम दौर में है या नहीं. उनकी बात मुख्य रूप से धार्मिक आस्था और भविष्य को लेकर व्यक्तिगत सोच के संदर्भ में थी.
AI को लेकर JD Vance को क्यों है चिंता?
बातचीत में वेंस ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर भी गंभीर चिंता जताई. उन्होंने एक परिचित का उदाहरण दिया, जो AI को मैरिज काउंसलर की तरह इस्तेमाल कर रहा था.
जब बातचीत में इसे ‘एक तरह से शैतानी’ बताया गया तो वेंस ने इससे सहमति जताते हुए कहा कि इंसान को उस सामाजिक रिश्ते से अलग करना, जिसके लिए भगवान ने उसे बनाया है, बेहद खराब स्थिति हो सकती है.
वेंस ने कुछ AI कंपनियों के माहौल को लेकर भी ‘अजीब आध्यात्मिक अंधकार’ जैसा महसूस होने की बात कही. हालांकि उन्होंने पूरी AI तकनीक को शैतानी नहीं बताया. उनकी चिंता खास तौर पर AI द्वारा इंसानी संबंधों और सामाजिक संपर्क की जगह लेने को लेकर थी.
दुनिया के नेताओं के साथ बैठक में महसूस की ‘नकारात्मकता’
पॉडकास्ट में वेंस से पूछा गया कि क्या उपराष्ट्रपति रहते हुए उन्होंने कभी ऐसी जगह या बैठक में हिस्सा लिया है जहां उन्हें माहौल ‘आध्यात्मिक रूप से अंधकारमय’ लगा हो.
वेंस ने कहा कि वह दुनिया के नेताओं के साथ ऐसी बैठकों में शामिल हुए हैं जहां किसी व्यक्ति की बात या किसी मुद्दे पर रखी गई राय से उन्हें अचानक ‘अंधकार’ जैसा महसूस हुआ. उनके मुताबिक ऐसे मौकों पर उनके भीतर की ‘आध्यात्मिक चेतावनी की घंटियां’ बजने लगती हैं.
हालांकि वेंस ने उन नेताओं के नाम नहीं बताए जिनके साथ बैठकों में उन्होंने ऐसा महसूस किया.
Trump की Jesus जैसी AI तस्वीर का किया बचाव
बातचीत के दौरान डोनाल्ड ट्रंप की अप्रैल 2026 में पोस्ट की गई विवादित AI तस्वीर का मुद्दा भी उठा. तस्वीर में ट्रंप सफेद कपड़ों और लाल सैश में Jesus जैसी छवि में दिखाई दे रहे थे. इस पोस्ट पर कई ईसाई समर्थकों ने भी आपत्ति जताई थी और बाद में तस्वीर हटा दी गई थी.
वेंस ने ट्रंप का बचाव करते हुए कहा कि राष्ट्रपति का इरादा ईश्वर का मजाक उड़ाने या खुद को भगवान के रूप में पेश करने का नहीं था. उन्होंने ट्रंप को मजाकिया और बेबाक स्वभाव वाला व्यक्ति बताते हुए कहा कि वह अक्सर चीजों को हल्का रखने की कोशिश करते हैं.
ट्रंप ने भी विवाद के बाद कहा था कि उन्हें लगा था तस्वीर में उन्हें एक डॉक्टर के रूप में दिखाया गया है, जो लोगों को बेहतर महसूस करा रहा है. बढ़ते विरोध के बाद उन्होंने पोस्ट हटा दी थी.
JD Vance के बयान की क्यों हो रही चर्चा?
अमेरिकी उपराष्ट्रपति जैसे ऊंचे पद पर बैठे नेता की ओर से धर्म, ‘End Times’, Antichrist, AI और दुनिया के नेताओं से जुड़ी ‘आध्यात्मिक अंधकार’ जैसी बातों पर सार्वजनिक रूप से चर्चा करना अपने आप में असामान्य है.
हालांकि वेंस ने दुनिया के अंत की कोई तारीख या निश्चित भविष्यवाणी नहीं की है. उनके बयान का मुख्य संदेश यह था कि भविष्य को लेकर डर या भविष्यवाणियों में उलझने के बजाय वह अपनी धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक काम करने को ज्यादा अहम मानते हैं.

