नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें आत्ममंथन करने की सलाह दी। शाह ने दावा किया कि कांग्रेस को 2029 के लोकसभा चुनाव में लगातार चौथी हार का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने विपक्ष के SIR विरोधी प्रदर्शन और हालिया चुनाव परिणामों का हवाला देते हुए कांग्रेस की रणनीति पर सवाल उठाए।
SIR प्रदर्शन पर क्या बोले शाह?
अमित शाह की यह प्रतिक्रिया उस समय आई है, जब राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी INDIA गठबंधन के नेताओं ने सोमवार को SIR यानी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के विरोध में सुप्रीम कोर्ट तक मार्च किया था। विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग उठाई है। रिपोर्ट के अनुसार, शाह ने विपक्ष के प्रदर्शन को जनता का विश्वास जीतने के लिए पर्याप्त नहीं बताया।
शाह ने कहा कि 14 राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं को जुटाकर करीब 8,000 लोगों की भीड़ इकट्ठा करने से कोई देश की आवाज नहीं बन जाता। उन्होंने राहुल गांधी को गांवों, खेतों, दूरदराज के इलाकों और आम लोगों से जुड़ने की सलाह दी।
गुजरात चुनाव का दिया उदाहरण
गृह मंत्री ने गुजरात के स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा के प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि पार्टी ने तीन शहरी निकायों की कुल 104 सीटों में से 90 पर जीत हासिल की। उनके मुताबिक, गांधीनगर नगर निगम की 44 सीटों में भाजपा को 38 सीटें मिलीं।
शाह ने इन नतीजों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के प्रति जनता के समर्थन के तौर पर पेश किया। उन्होंने कांग्रेस से सवाल किया कि क्या इन चुनावी नतीजों को भी SIR से जोड़कर देखा जाएगा।
राहुल गांधी को आत्ममंथन की सलाह

अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस को चुनावी हार के कारणों पर विचार करना चाहिए। उन्होंने गुजरात, त्रिपुरा और अन्य राज्यों के चुनावी परिणामों का हवाला देते हुए कांग्रेस की राजनीतिक रणनीति पर सवाल उठाए। शाह ने दावा किया कि कांग्रेस कई राज्यों में लंबे समय से चुनावी सफलता हासिल नहीं कर पा रही है। उन्होंने राहुल गांधी से जनता के बीच अपनी पहुंच और पार्टी की कार्यशैली की समीक्षा करने को कहा।
2029 को लेकर क्या दावा किया?
अमित शाह ने कहा कि NDA 2029 के लोकसभा चुनाव में भारी बहुमत के साथ सत्ता में वापसी करेगा और कांग्रेस को लगातार चौथी हार का सामना करना पड़ेगा। यह शाह का आगामी चुनाव को लेकर राजनीतिक दावा है, न कि चुनाव परिणाम।
उन्होंने राहुल गांधी पर SIR के मुद्दे के जरिए घुसपैठियों को बचाने की कोशिश करने का आरोप भी लगाया। यह आरोप शाह ने अपने राजनीतिक बयान में लगाया है।
SIR पर सियासी टकराव जारी
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर भाजपा और विपक्ष के बीच टकराव तेज हो गया है। विपक्ष इस प्रक्रिया में मतदाताओं के नाम हटाए जाने और चुनावी पारदर्शिता को लेकर सवाल उठा रहा है, जबकि भाजपा कांग्रेस की चुनावी रणनीति पर निशाना साध रही है। सुप्रीम कोर्ट तक मार्च के बाद इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस और तेज हुई है।
























