Skip to content
  • X
  • Instagram
  • YouTube
  • Facebook
Sanchar Times

Sanchar Times

Hindi NEWS

  • होम
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • राज्य
    • दिल्ली/NCR
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • झारखण्ड
    • बिहार
    • मध्यप्रदेश
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • हिमाचल
  • राजनीति
    • भाजपा
    • कांग्रेस
    • चुनाव
  • खेल
  • पर्यटन
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • संपादकीय
  • सोशल मीडिया
  • Toggle search form
श्रेणियांराष्ट्रीयअंतर्राष्ट्रीयराज्यराजनीतिखेलमनोरंजनसंपादकीयलाइफस्टाइलसोशल मीडिया
होम पर वापस जाएंअंतर्राष्ट्रीय
medical

भारत-ब्रिटेन के प्रस्तावित ‘एफटीए’ में नियम बना अड़चन

Posted on November 21, 2023 By Sanchar Times News

मेडिकल उपकरण क्षेत्र के लिए ‘उत्पत्ति का नियम’ भारत और ब्रिटेन के बीच प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) में एक अड़चन बना हुआ है तथा मतभेदों को दूर करने के लिए वार्ता जारी है। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। उत्पत्ति का नियम किसी उत्पाद के राष्ट्रीय स्रेत को निर्धारित करने के लिए आवश्यक मानदंड हैं। इसका महत्व इस तथ्य से पता चलता है कि कई मामलों में शुल्क और प्रतिबंध आयात के स्रेत पर निर्भर करता है। भारत में मेडिकल उपकरणों के क्षेत्र में काफी संभावना है क्योंकि यह अपनी जरूरत का करीब 80 प्रतिशत अमेरिका, जर्मनी, चीन, सिंगापुर और नीदरलैंड से आयात करता है, जो देश के लिए इन उपकरणों के शीर्ष निर्यातक बने हुए हैं। अधिकारी ने कहा, ‘मेडिकल उपकरणों के क्षेत्र में, उत्पत्ति के नियम से जुड़े कई मुद्दे हैं। सीमा शुल्क में रियायत की मांग भी एक मुद्दा है।’ उन्होंने कहा कि माल एवं सेवा क्षेत्रों में मतभेदों को दूर करने के लिए दोनों देशों के बीच वार्ता जारी है।
सरकार ने मेडिकल उपकरणों के घरेलू विनिर्माण को बढावा देने और इस क्षेत्र में अधिक निवेश आकषिर्त करने के लिए कई कदम उठाए हैं। इस तरह की योजनाओं/पहल में मेडिकल डिवाइस पार्क, राष्ट्रीय बायोफार्मा मिशन, और (मेडिकल उपकरण) क्षेत्र के लिए उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना शामिल है। देश में आयात किए जाने वाले मेडिकल उपकरणों की छह मुख्य श्रेणियां हैं, जिनमें एक बार उपयोग में लाए जाने वाले चिकित्सा उपकरण, इलेक्ट्रॉनिक्स और उपकरण, प्रतिरोपण, सर्जिकल उपकरण आदि शामिल हैं।
‘उत्पत्ति का नियम’ प्रावधान एफटीए वाले देश में न्यूनतम प्रसंस्करण का प्रावधान करता है ताकि अंतिम विनिर्मित उत्पाद को उस देश में तैयार वस्तु कहा जा सके। इस प्रावधान के तहत, भारत के साथ एफटीए पर हस्ताक्षर करने वाला देश किसी तीसरे देश से वस्तुओं पर महज ‘लेबल’ लगाकर उन्हें भारतीय बाजार में नहीं भेज सकता। विशेषज्ञों के अनुसार, भारत को शुल्क में रियायत देने से बचना चाहिए क्योंकि यहां सरकार इन उपकरणों के घरेलू स्तर पर विनिर्माण को बढावा दे रही है। मेडिकल उपकरणों के लिए निर्यात संवर्धन परिषद के राजिंदर सिंह कंवर ने कहा, ‘‘भारत उन उपकरणों को रियायत देने पर विचार कर सकता है जो भारत में विनिर्मित नहीं हैं।’ इस समझौते के लिए भारत और ब्रिटेन के बीच वार्ता में करीब 26 नीतिगत क्षेत्रों/अध्यायों को शामिल किया गया है।
भारत ब्रिटेन के साथ प्रस्तावित समझौते के तहत अपने फार्मास्यूटिकल्स उत्पादों के लिए वहां वृहद बाजार तलाश रहा है। अधिकारी ने कहा, ‘फार्मा क्षेत्र में, हम भारत-ब्रिटेन समझौते से एक सकारात्मक नतीजे की उम्मीद कर रहे हैं।’ भारत और ब्रिटेन ने एफटीए के लिए जनवरी 2022 में वार्ता शुरू की थी, जिसका लक्ष्य दिवाली (24 अक्टूबर 2022 तक) वार्ता संपन्न करना था लेकिन ब्रिटेन में राजनीतिक घटनाक्रमों के चलते यह समय सीमा चूक गई थी। दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 2021-22 के 17.5 अरब अमेरिकी डॉलर से बढकर 2022-23 में 20.36 अरब अमेरिकी डॉलर पहुंच गया।

Post Views: 2
अंतर्राष्ट्रीय

Post navigation

Previous Post: आस्ट्रेलियाई पीएम ने चीन की आलोचना की
Next Post: विशाखापत्तनम में आग लगने से 35 नौकाएं जलकर राख

Special Report

  • AC LED TV
    1 अक्टूबर से AC, फ्रिज और LED TV महंगे हो सकते हैं, कंपनियां बढ़ा सकती हैं दाम
  • Pitra Paksha 2026
    Pitra Paksha 2026: पितृ पक्ष 26 या 27 सितंबर से? जानें भ्रम की असली वजह और सही तारीख
  • GENDER IDENTITY 1
    जेंडर आइडेंटिटी पर बढ़ती बहस: युवाओं, सोशल मीडिया और चिकित्सा से जुड़े सवाल
  • डालमियानगर खेल मैदान को लेकर प्रशासन की पहल
  • ऑटो किराए को लेकर सड़क पर भिड़ीं दो महिलाएं
  • भारत की महिला 4×400 मीटर रिले टीम ने जीता गोल्ड
  • यूपी पुलिस के स्टॉल ने लगातार तीसरी बार जीता बेस्ट डिस्प्ले अवार्ड
  • गाजियाबाद में कैफे संचालकों पर महिला और परिवार से मारपीट का आरोप, वीडियो वायरल

Sanchar Times

देश-दुनिया, राजनीति, बिजनेस, खेल और मनोरंजन की ताजा खबरें हिंदी में पढ़ें।

ज़रूरी लिंक

होम
हमारे बारे में
संपर्क करें
Privacy Policy
Disclaimer

प्रमुख श्रेणियां

राष्ट्रीय
राज्य
राजनीति
अंतर्राष्ट्रीय
खेल
मनोरंजन

हमसे संपर्क करें

प्रधान संपादक: Pankaj Kumar
कार्यालय: 190, Pratap Nagar, Mayur Vihar Phase-1, Delhi – 110091
ईमेल: sanchartimes.news@gmail.com
मीडिया संपर्क: media@sanchartimes.news

सोशल मीडिया पर जुड़ें

  • Facebook
  • YouTube
  • Instagram
  • X
  • WhatsApp

© Sanchar Times. All Rights Reserved.

Powered by PressBook WordPress theme

होमराष्ट्रीयअंतर्राष्ट्रीयराज्यराजनीतिखेलमनोरंजनसंपादकीयलाइफस्टाइलसोशल मीडिया