हैदर अली, संचार टाइम्स ब्यूरो रोहतास
सासाराम में पिछले 24 घंटे से हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। खासकर ताराचंडी क्षेत्र में स्थित कैमूर पहाड़ी से पानी के तेज बहाव ने भयावह स्थिति पैदा कर दी है। पहाड़ों से बहकर आ रहा पानी न केवल स्थानीय बस्तियों की ओर बढ़ गया है, बल्कि ताराचंडी मंदिर के पीछे की बाउंड्री भी इस तेज धार की चपेट में आकर ध्वस्त हो गई है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि पहाड़ी से बहता पानी अब बरसाती नदी का रूप ले चुका है और शहर की ओर बढ़ता जा रहा है। इस वजह से सासाराम के कई मोहल्ले जलमग्न हो चुके हैं। मंदिर के आसपास पानी का ऐसा बहाव देखने को मिल रहा है कि लोग भयभीत हो गए हैं।
कल से जलमग्न है पूरा सासाराम
शहर में कल से ही लगातार बारिश हो रही है, जिससे सड़कें जलभराव से लबालब हैं और सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। पहाड़ी क्षेत्रों में हुई भारी वर्षा का पानी अब नीचे मैदानी इलाकों में पहुंच रहा है, जिससे हालात और भी विकराल होते जा रहे हैं।
ताराचंडी मंदिर के पास बने सुरक्षा बाँध के टूटने से न सिर्फ धार्मिक स्थल को नुकसान की आशंका है, बल्कि आसपास के रिहायशी इलाकों के लिए भी खतरा बढ़ गया है।
प्रशासन सतर्क, लेकिन राहत इंतज़ार में जनता
हालांकि प्रशासन की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है, लेकिन स्थानीय लोग खुद ही अपनी सुरक्षा के लिए प्रयासरत हैं। अब तक किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं मिली है, लेकिन अगर पानी का बहाव इसी तरह जारी रहा, तो खतरा और बढ़ सकता है।
स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से अपील की है कि प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य शीघ्र शुरू किया जाए, ताकि किसी अनहोनी से बचा जा सके।
धार्मिक स्थल भी खतरे में
ताराचंडी मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि स्थानीय पर्यटन का भी प्रमुख स्थल है। इस क्षेत्र में इस तरह का जलस्तर पहली बार देखने को मिल रहा है। मंदिर के प्रांगण तक पानी पहुंचने से श्रद्धालुओं में भी चिंता का माहौल है।
फिलहाल प्रशासन और स्थानीय लोग मिलकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन मौसम विभाग द्वारा अगले 24 घंटे और बारिश की चेतावनी से चिंता और गहरा गई है।

