आज महिलायें साहित्य-संस्कृति में तो आगे हैं ही, उच्च-शिक्षा प्राप्त कर सरकारी तथा गैरसरकारी संस्थानों में उच्च पदों पर भी आसीन हैं : डॉक्टर शैलेंद्र ओझ
हैदर अली, संचार टाइम्स ब्यूरो रोहतास वैदिक-काल में भी गार्गी तथा मैत्रेयी जैसी विदुषी रही हैं, जिन्होंने वेदों तथा उपनिषदों में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। इसी तरह मध्यकाल और ब्रिटिश काल में भी महिलाओं का शिक्षा के क्षेत्र में बहुत बड़ा योगदान रहा है। उक्त बातें शिवसागर प्रखंड के शकुंतलम इंस्टिट्यूट ऑफ टीचर्स एजुकेशन की…
