ST.News Desk
देश के बड़े हिस्से में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। दिल्ली से लेकर मुंबई और गुजरात से लेकर पश्चिम बंगाल तक भारी बारिश, तेज हवाओं और आंधी-तूफान का सिलसिला जारी है। कई शहरों में लगातार बारिश के कारण सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई है, जबकि कुछ राज्यों में नदियों का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का खतरा भी गहरा गया है।
इस बीच, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने देश के 15 राज्यों में भारी बारिश, वज्रपात और आंधी-तूफान की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, कई इलाकों में तेज बारिश के साथ 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
15 राज्यों में भारी बारिश और तूफान की चेतावनी
मौसम विभाग ने दिल्ली, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, हरियाणा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और केरल में भारी बारिश और आंधी-तूफान की चेतावनी जारी की है।
इसके अलावा गुजरात के कई हिस्सों में लगातार भारी बारिश के कारण स्थिति गंभीर बनी हुई है। कई क्षेत्रों में जलभराव और बाढ़ का खतरा देखते हुए सतर्कता बढ़ा दी गई है।
दिल्ली में 10 जुलाई तक जारी रहेगा बारिश का दौर
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, 8 से 10 जुलाई तक दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में भारी बारिश हो सकती है।
बारिश के साथ तेज हवाएं भी चल सकती हैं। दिल्ली में अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। बारिश और बादलों के कारण लोगों को गर्मी और उमस से कुछ राहत मिल सकती है।
हालांकि, लगातार बारिश के कारण दिल्ली-NCR के निचले इलाकों और प्रमुख सड़कों पर जलभराव की समस्या बढ़ सकती है। 11 जुलाई से बारिश की गतिविधियों में कुछ कमी आने की संभावना जताई गई है।
उत्तर प्रदेश में मूसलाधार बारिश की चेतावनी
उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भी मॉनसून सक्रिय बना हुआ है। लखनऊ, कानपुर, वाराणसी और मुजफ्फरनगर समेत कई जिलों में तेज से मूसलाधार बारिश की चेतावनी दी गई है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना है। लगातार बारिश के चलते अधिकतम तापमान सामान्य से नीचे रह सकता है। कई जिलों में तेज बारिश के कारण स्थानीय स्तर पर जलभराव और यातायात प्रभावित होने का खतरा बना हुआ है।
बिहार में तेज हवा के साथ बारिश का अलर्ट
बिहार के पटना, मुजफ्फरपुर, गया और आसपास के कई जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के मुताबिक, कुछ इलाकों में तेज बारिश के साथ हवाओं की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
पटना में अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने वज्रपात की आशंका को देखते हुए लोगों से खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की अपील की है।
मुंबई में येलो, ठाणे में ऑरेंज अलर्ट
महाराष्ट्र में भी बारिश का दौर जारी है। मुंबई में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है, जबकि ठाणे के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है।
लगातार बारिश के कारण मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में यातायात प्रभावित होने और निचले इलाकों में पानी भरने की आशंका बनी हुई है। प्रशासन और स्थानीय एजेंसियों को सतर्क रहने को कहा गया है।
गुजरात में बाढ़ और जलभराव का खतरा
गुजरात के कई हिस्सों में भारी बारिश के बाद हालात गंभीर बने हुए हैं। कई इलाकों में बाढ़ और जलभराव का खतरा देखते हुए रेड अलर्ट जारी किया गया है।
लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में पानी जमा होने और सामान्य जनजीवन प्रभावित होने का खतरा बढ़ गया है। लोगों को मौसम की चेतावनियों पर नजर रखने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
राजस्थान में अत्यंत भारी बारिश की संभावना
राजस्थान के जयपुर, उदयपुर और जोधपुर समेत कई जिलों में 8 और 9 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग का अनुमान है कि 10 जुलाई से बारिश की रफ्तार कुछ धीमी पड़ सकती है। हालांकि, इससे पहले कई इलाकों में तेज बारिश के कारण सड़क संपर्क, यातायात और स्थानीय जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
पश्चिम बंगाल में नदियों का बढ़ा जलस्तर
पश्चिम बंगाल के कोलकाता, दार्जिलिंग और आसपास के कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। उत्तर बंगाल और पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है।
तीस्ता और तोर्सा जैसी नदियों में पानी बढ़ने के कारण निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों पर निगरानी बनाए रखने को कहा गया है।
पहाड़ी राज्यों में भी सतर्कता जरूरी
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में भी भारी बारिश, भूस्खलन और अचानक जलस्तर बढ़ने का खतरा बना हुआ है। पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने वाले लोगों को मौसम की जानकारी लेकर ही निकलने की सलाह दी गई है।
लगातार बारिश की वजह से पहाड़ी सड़कों पर भूस्खलन और पत्थर गिरने जैसी घटनाओं का खतरा बढ़ सकता है। ऐसे में मौसम विभाग ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।
कुल मिलाकर, देश के बड़े हिस्से में मॉनसून पूरी ताकत के साथ सक्रिय है। आने वाले दिनों में कई राज्यों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। तेज बारिश, बिजली गिरने और आंधी-तूफान की आशंका को देखते हुए लोगों को मौसम विभाग और स्थानीय प्रशासन की चेतावनियों पर नजर बनाए रखने की जरूरत है।

