केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी सिया गोयल के पुराने वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं.
एक वीडियो में वह नाइटक्लब में अपशब्दों का इस्तेमाल करती दिख रही हैं.
पुलिस जांच कर रही है कि केतन के फोन से कोई सबूत मिटाया गया या नहीं.
पुणे. केतन अग्रवाल हत्याकांड की आरोपी सिया गोयल के पुराने वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं. इनमें से एक वीडियो कथित तौर पर दिसंबर 2025 का बताया जा रहा है. इस वीडियो में सिया एक नाइटक्लब में फोन पर बात करती दिख रही हैं. उनके हाथ में बीयर की बोतल जैसी कोई चीज नजर आ रही है.
वीडियो में सिया को अपशब्दों का इस्तेमाल करते हुए सुना जा सकता है. वह कथित तौर पर कहती हैं, “पहले वह मुझे धोखा देता है, फिर मुझे फोन करता है.” यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है.
पारिवारिक कार्यक्रम का वीडियो भी आया सामने
सिया गोयल का एक और वीडियो ऑनलाइन सामने आया है. इसमें वह 7 मई को एक पारिवारिक कार्यक्रम में परफॉर्म करती दिख रही हैं. यह वीडियो कथित हत्या से कुछ हफ्ते पहले का बताया जा रहा है.
इस फुटेज में केतन अग्रवाल अपने पिता विशाल अग्रवाल और सिया के माता-पिता प्रवीण गोयल और पूजा गोयल के साथ जश्न मनाते दिख रहे हैं. ये वीडियो ऐसे समय में सामने आए हैं जब जांच एजेंसियां इस बात की पड़ताल कर रही हैं कि केतन अग्रवाल की मौत के बाद उनका मोबाइल फोन सिया गोयल के पास कैसे रहा और उसका इस्तेमाल कैसे हुआ.
फोन से सबूत मिटाने की जांच
पुलिस के मुताबिक, केतन अग्रवाल का फोन कुछ समय तक सिया गोयल के पास रहा था. बाद में उसने यह फोन केतन के परिवार को सौंप दिया. जांचकर्ता अब यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि जब फोन सिया के पास था, तब क्या उससे कोई अहम सबूत मिटाया गया या उससे छेड़छाड़ की गई.
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फोन की फॉरेंसिक जांच से यह साफ हो सकता है कि डिवाइस से कोई डेटा हटाया गया था या नहीं. शुरुआत में इस मामले को दुर्घटनावश मौत माना गया था, लेकिन बाद में इसे हत्या की जांच में बदल दिया गया.
सिया और चेतन पर साजिश का आरोप
पुलिस का आरोप है कि 20 साल की सिया गोयल और उनके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने केतन अग्रवाल की हत्या की साजिश रची थी. सरकारी वकीलों ने इस हफ्ते की शुरुआत में कोर्ट में सिया की कस्टडी बढ़ाने की मांग करते हुए कहा कि जांचकर्ताओं को यह पता लगाना है कि क्या केतन के फोन से कोई सबूत हटाया गया था.
पुलिस के अनुसार, आरोप है कि सिया ने केतन को चट्टान से नीचे धकेले जाने से पहले उसका फोन अपने पास ले लिया था. बाद में उसने यह फोन केतन के परिवार को सौंप दिया. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि फोन उसके पास रहने के दौरान उसमें मौजूद किसी अहम जानकारी से छेड़छाड़ की गई या नहीं.
घटनास्थल पर सीन रिक्रिएट किया गया
इस बीच पुणे ग्रामीण पुलिस ने जांच के तहत सह-आरोपी चेतन चौधरी के साथ लोहगढ़ किले में कथित अपराध स्थल पर सीन रिक्रिएट किया. इससे पहले पुलिस ने रविवार को सिया गोयल के साथ भी यही प्रक्रिया की थी. उस दौरान उसकी मौजूदगी में एक डमी को चट्टान से नीचे धकेला गया था.
जांचकर्ताओं का आरोप है कि केतन अग्रवाल को चट्टान से धकेलने से पहले सिया ने चेतन चौधरी को पहले से तय सिग्नल दिया था. पुलिस का यह भी दावा है कि लोहगढ़ किले में कथित वारदात को अंजाम देने से पहले दोनों ने मार्केट यार्ड के पास एक पहाड़ी पर हत्या की रिहर्सल की थी.
मामले की जांच जारी है और पुलिस मोबाइल फोन, वीडियो फुटेज और घटनास्थल से जुड़े सबूतों की जांच कर रही है.

