गर्मी शुरू होने से पहले ही एयर कंडीशनर (AC) की कीमतों में बढ़ोतरी ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। LPG की कमी और बढ़ती लागत के कारण कंपनियां दाम बढ़ाने को मजबूर हो गई हैं।
ST.News Desk
नई दिल्ली : इस बार गर्मी आने से पहले ही आम लोगों को बड़ा झटका लग सकता है, क्योंकि एयर कंडीशनर (AC) खरीदना महंगा हो गया है। इसकी बड़ी वजह देश में LPG (लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस) की कमी है, जिसने AC मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री की लागत बढ़ा दी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और सप्लाई चेन में रुकावट के कारण LPG की उपलब्धता घट गई है। सरकार ने घरेलू जरूरतों को प्राथमिकता दी है, जिससे इंडस्ट्री के लिए LPG की सप्लाई कम हो गई है।
दरअसल, AC बनाने की प्रक्रिया में LPG का इस्तेमाल ब्रेजिंग के लिए किया जाता है, जो उत्पादन का अहम हिस्सा है। LPG की कमी के कारण अब कंपनियों का उत्पादन प्रभावित हो रहा है। इस संकट से निपटने के लिए कई कंपनियों ने ऑक्सी-एसिटिलीन गैस का इस्तेमाल शुरू कर दिया है, लेकिन यह विकल्प महंगा है और इसकी सप्लाई भी आयात पर निर्भर करती है।
बढ़ती लागत का असर अब सीधे ग्राहकों पर दिखने लगा है। कई कंपनियां पहले ही AC की कीमतों में 5% से 10% तक की बढ़ोतरी कर चुकी हैं। कुछ बड़े ब्रांड्स ने अपने प्रोडक्ट्स के दाम में 10% तक इजाफा किया है, जबकि अन्य उत्पादों की कीमतें भी 5% तक बढ़ाई गई हैं। जनवरी 2026 से ही कीमतों में लगातार वृद्धि का सिलसिला जारी है।
वहीं, AC की मांग पर भी असर पड़ा है। पिछले साल कमजोर गर्मी और इस साल उत्तर भारत में बेमौसम बारिश के कारण बिक्री प्रभावित हुई है, जिससे कंपनियां दोहरी चुनौती का सामना कर रही हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ती लागत और नए स्टार रेटिंग नियमों के चलते कंपनियों को कीमतों में 8% से 14% तक की और बढ़ोतरी करनी पड़ सकती है। हालांकि, कंपनियों को उम्मीद है कि जैसे-जैसे गर्मी बढ़ेगी, मांग में सुधार होगा, लेकिन फिलहाल इंडस्ट्री के सामने चुनौतियां बनी हुई हैं।

